पैपराजी क्या है? जानिए कौन होते हैं ये सेलिब्रिटी फोटोग्राफर, कैसे काम करते हैं और क्यों इनकी आलोचना होती है।
आजकल जब भी कोई बड़ा सेलिब्रिटी बाहर निकलता है, तो तुरंत ही उनकी तस्वीरें सोशल मीडिया पर वायरल हो जाती हैं। ऐसा कैसे होता है? इसके पीछे जिन लोगों का हाथ होता है उन्हें कहा जाता है – पैपराजी (Paparazzi)। इस शब्द को आपने अक्सर बॉलीवुड या हॉलीवुड से जुड़ी खबरों में सुना होगा, लेकिन पैपराजी क्या होता है, यह बहुत कम लोग जानते हैं।
पैपराजी क्या है?
पैपराजी उन फोटोग्राफर्स को कहा जाता है जो सेलिब्रिटीज, राजनेता, स्पोर्ट्स स्टार्स और दूसरे फेमस लोगों की गोपनीय और निजी पलों की तस्वीरें खींचते हैं। ये फोटोग्राफर अधिकतर अनौपचारिक जगहों पर, बिना पूर्व अनुमति के, कैमरे से उनकी तस्वीरें लेते हैं और फिर उन्हें मीडिया हाउसेज़ या न्यूज़ पोर्टल्स को बेचते हैं।
पैपराजी का इतिहास
यह शब्द इटालियन शब्द 'Paparazzo' से लिया गया है, जो पहली बार 1960 की एक फिल्म La Dolce Vita में सुनने को मिला था। तभी से ये शब्द मशहूर हो गया।
पैपराजी कैसे काम करता है?
ये लोग अक्सर एयरपोर्ट, रेस्टोरेंट, जिम, अस्पताल या होटल के बाहर रहते हैं।
जैसे ही कोई स्टार दिखता है, वो उन्हें कैमरे में कैद करते हैं।
फोटो या वीडियो को न्यूज चैनल, वेबसाइट या सोशल मीडिया पर बेचते हैं।
ये लोग अक्सर एयरपोर्ट, रेस्टोरेंट, जिम, अस्पताल या होटल के बाहर रहते हैं।
जैसे ही कोई स्टार दिखता है, वो उन्हें कैमरे में कैद करते हैं।
फोटो या वीडियो को न्यूज चैनल, वेबसाइट या सोशल मीडिया पर बेचते हैं।
⚖️ पैपराजी से जुड़ी आलोचनाएं
ये अक्सर सेलिब्रिटीज की प्राइवेसी का उल्लंघन करते हैं।
कई बार उनकी तस्वीरें गलत संदर्भ में इस्तेमाल की जाती हैं।
इससे सेलेब्स को मानसिक तनाव होता है।
ये अक्सर सेलिब्रिटीज की प्राइवेसी का उल्लंघन करते हैं।
कई बार उनकी तस्वीरें गलत संदर्भ में इस्तेमाल की जाती हैं।
इससे सेलेब्स को मानसिक तनाव होता है।
पैपराजी बनना है?
यदि आप एक फोटोग्राफर हैं और सेलिब्रिटी जर्नलिज्म में दिलचस्पी रखते हैं, तो पैपराजी फोटोग्राफर बन सकते हैं। इसके लिए आपको तेज़ नजर, धैर्य और तेज़ कैमरा चाहिए।
पैपराजी आधुनिक मीडिया का एक अहम हिस्सा बन चुके हैं। हालांकि ये लोगों की जिंदगी में झांकते हैं, लेकिन सेलिब्रिटीज की पॉपुलैरिटी बढ़ाने में भी इनका बड़ा रोल होता है। जरूरत है एक सीमा और मर्यादा की, ताकि सूचना और गोपनीयता दोनों का संतुलन बना रहे।
